राष्ट्रपति को गणतंत्र दिवस पर 21 तोपो की ही सलामी क्यों दी जाती है?? ...

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हमारे देश भारत में गणतंत्र दिवस मनाने का तरीका पिछले कई सालों से उसी तरह से चला आ रहा है जैसा कि 1950 में पहली बार मनाया गया था अमर जवान ज्योति पर फूल बिछाने की परंपरा देश के राष्ट्रपति द्वारा झंडारोहण करना हो गणतंत्र दिवस पर दर्शकों को आकर्षित करने वाला यह बहुत ही गौरवपूर्ण पल होता है जब हमारे देश के राष्ट्रपति को 21 तोपों की सलामी दी जाती है इसकी खास बात यह है कि 52 सेकंड तक चलने वाले भारत के राष्ट्रगान के दौरान हर 2 पॉइंट 25 सेकंड के अंतराल पर यह सलामी दी जाती है इसके लिए अभी भी ब्रिटिश शासन के 7 तोपों का इस्तेमाल किया जाता है 21 तोपों की सलामी की शुरुआत 17 वीं शताब्दी में हुई थी उस समय ब्रिटिश शासन था ब्रिटिश युद्धपोतों पर बाइबल में लिखित साधन का विशेष महत्व होने की वजह से सात हथियारों को एक स्थान पर एक ही साथ रखा जाता था उस समय शांति का संदेश देने के लिए 7 हथियारों से तीन-तीन बार समुद्र में फायर किया गया था और तभी से यह इक्कीस तोपों की सलामी देने का रिवाज आरंभ हुआ था जो अब तक चला आ रहा है
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हमारे देश भारत में गणतंत्र दिवस मनाने का तरीका पिछले कई सालों से उसी तरह से चला आ रहा है जैसा कि 1950 में पहली बार मनाया गया था अमर जवान ज्योति पर फूल बिछाने की परंपरा देश के राष्ट्रपति द्वारा झंडारोहण करना हो गणतंत्र दिवस पर दर्शकों को आकर्षित करने वाला यह बहुत ही गौरवपूर्ण पल होता है जब हमारे देश के राष्ट्रपति को 21 तोपों की सलामी दी जाती है इसकी खास बात यह है कि 52 सेकंड तक चलने वाले भारत के राष्ट्रगान के दौरान हर 2 पॉइंट 25 सेकंड के अंतराल पर यह सलामी दी जाती है इसके लिए अभी भी ब्रिटिश शासन के 7 तोपों का इस्तेमाल किया जाता है 21 तोपों की सलामी की शुरुआत 17 वीं शताब्दी में हुई थी उस समय ब्रिटिश शासन था ब्रिटिश युद्धपोतों पर बाइबल में लिखित साधन का विशेष महत्व होने की वजह से सात हथियारों को एक स्थान पर एक ही साथ रखा जाता था उस समय शांति का संदेश देने के लिए 7 हथियारों से तीन-तीन बार समुद्र में फायर किया गया था और तभी से यह इक्कीस तोपों की सलामी देने का रिवाज आरंभ हुआ था जो अब तक चला आ रहा हैHamare Desh Bharat Mein Ganatantra Divas Manane Ka Tarika Pichle Kai Salon Se Ussi Tarah Se Chala Aa Raha Hai Jaisa Ki 1950 Mein Pehli Baar Manaya Gaya Tha Amar Jawaan Jyoti Par Fool Bichhaane Ki Parampara Desh Ke Rashtrapati Dwara Jhandarohan Karna Ho Ganatantra Divas Par Darshakon Ko Aakarshit Karne Wala Yeh Bahut Hi Gauravpurn Pal Hota Hai Jab Hamare Desh Ke Rashtrapati Ko 21 Topon Ki Salaami Di Jati Hai Iski Khas Baat Yeh Hai Ki 52 Second Tak Chalne Wale Bharat Ke Rashtragan Ke Dauran Har 2 Point 25 Second Ke Antaral Par Yeh Salaami Di Jati Hai Iske Liye Abhi Bhi British Shasan Ke 7 Topon Ka Istemal Kiya Jata Hai 21 Topon Ki Salaami Ki Shuruvat 17 Vi Shatabdi Mein Hui Thi Us Samay British Shasan Tha British Yuddhapoton Par Bible Mein Likhit Sadhan Ka Vishesh Mahatva Hone Ki Wajah Se Saat Hathiyaron Ko Ek Sthan Par Ek Hi Saath Rakha Jata Tha Us Samay Shanti Ka Sandesh Dene Ke Liye 7 Hathiyaron Se Teen Teen Baar Samudra Mein Fire Kiya Gaya Tha Aur Tabhi Se Yeh Ikkis Topon Ki Salaami Dene Ka Rivaaj Aarambh Hua Tha Jo Ab Tak Chala Aa Raha Hai
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