क्या सरकारें वाकई दलितों का दर्द समझती है या सिर्फ वोट बैंक की राजनीति के लिए इस्तेमाल। ...

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जी देखिए कोई भी पॉलीटिकल पार्टी है वह हमेशा चाहेगी कि हम पॉवर में रहे या पावर में आ जाए अगर हम सिस्टम में है तो वह चाहेंगे कि हम यह सीट बनाए रखें बरकरार रखें आराम नहीं है तो वह चाहेंगे कि हम अगला चुना...जवाब पढ़िये
जी देखिए कोई भी पॉलीटिकल पार्टी है वह हमेशा चाहेगी कि हम पॉवर में रहे या पावर में आ जाए अगर हम सिस्टम में है तो वह चाहेंगे कि हम यह सीट बनाए रखें बरकरार रखें आराम नहीं है तो वह चाहेंगे कि हम अगला चुनाव जीत जीत के वह सीट अपनी पक्की कर ले चाहे वह विधानसभा और लोकसभा और जो भी कोई उनको तो यह है कि मैं अपनी सीट अस्थाई रूप से पक्की रखो अभी सीट पक्की कैसे होती है यह वोटिंग के द्वारा होती है वोट कौन देता है एक नागरिक देते सिटीजन ऑफ इंडिया वोट देता है अब उस दिन कौन से हो सकते हैं समाज में इंडिया में बहुत सारे वर्ग के लोग हैं और एक वर्ग जिसकी बात हो रही है वह दलित बाकी तो क्या दलित के बारे में सरकार को पता होता ही हाउस पॉलीटिकल पार्टी कल को पता होता हां जरूर पता हो तो उसको पता होता है कि इसकी समस्या क्या है इनका विस्तार कहां है इनकी जरूरत है क्या है तो काफी हद तक वह कोशिश करते हैं इनको मीट करने का और ही सीमित बहुत आराम और आसान सेगमेंट होता है क्योंकि यहां पर जरूर थी जो होती है वह मजीद लिपस्टिक वाली ज्यादा होती हैं और ए रियलिस्टिक में सब कुछ आ गया था तो सरकार चाहती है या को पॉलीटिकल पार्टी चाहती है डेफिनटली कि मैं इनका दुख दर्द समझकर उसका निवारण करने की कोशिश करूं मैं कर रहा हूं तो मैं वोट की बी एक्सपेक्टेशन रहता हूं तो हां दोनों चीजें सरकार करती है या वह पॉलीटिकल पार्टी करती है वह चाहती है कि उनके लिए कुछ करें यह हमारे साथ कनेक्ट रहे जुड़े रहें ताकि इनका वोट हमको मिले क्या इसमें कोई गलत ही है नहीं मेरे हिसाब से कोई गलती नहीं है गलती किस में है कि अगर सिर्फ वोटिंग के टाइम्स सेल्फ प्रलोभन देकर अगर इनका वोट अपने हाथ में रखने और फिर पावर में रहना है सिस्टम में रखना है वह गलत है रक्षी आप इनका वोट लीजिए लेकिन इनके लिए भी आपको पूरे समाज को पूरे देश को पूरे राज्य को प्रांत को क्षेत्र को देख कर चलना है और बैलेंस करके चलाएं वह सहयोग और फिर आप उनके वोट लीजिए कोई दिक्कत नहीं हैG Dekhie Koi Bhi Political Party Hai Wah Hamesha Chahegi Ki Hum Power Mein Rahe Ya Power Mein Aa Jaye Agar Hum System Mein Hai To Wah Chahenge Ki Hum Yeh Seat Banaye Rakhen Barkaraar Rakhen Aaram Nahi Hai To Wah Chahenge Ki Hum Agla Chunav Jeet Jeet Ke Wah Seat Apni Pakki Kar Le Chahe Wah Vidhan Sabha Aur Lok Sabha Aur Jo Bhi Koi Unko To Yeh Hai Ki Main Apni Seat Asthai Roop Se Pakki Rakho Abhi Seat Pakki Kaise Hoti Hai Yeh Voting Ke Dwara Hoti Hai Vote Kaon Deta Hai Ek Nagarik Dete Citizen Of India Vote Deta Hai Ab Us Din Kaon Se Ho Sakte Hain Samaaj Mein India Mein Bahut Sare Varg Ke Log Hain Aur Ek Varg Jiski Baat Ho Rahi Hai Wah Dalit Baki To Kya Dalit Ke Bare Mein Sarkar Ko Pata Hota Hi House Political Party Kal Ko Pata Hota Haan Jarur Pata Ho To Usko Pata Hota Hai Ki Iski Samasya Kya Hai Inka Vistar Kahaan Hai Inki Zaroorat Hai Kya Hai To Kafi Had Tak Wah Koshish Karte Hain Inko Meat Karne Ka Aur Hi Simith Bahut Aaram Aur Aasan Segment Hota Hai Kyonki Yahan Par Jarur Thi Jo Hoti Hai Wah Mazeed Lipstick Wali Zyada Hoti Hain Aur A Realistic Mein Sab Kuch Aa Gaya Tha To Sarkar Chahti Hai Ya Ko Political Party Chahti Hai Definatali Ki Main Inka Dukh Dard Samajhkar Uska Nivaran Karne Ki Koshish Karun Main Kar Raha Hoon To Main Vote Ki Be Expectation Rehta Hoon To Haan Dono Cheezen Sarkar Karti Hai Ya Wah Political Party Karti Hai Wah Chahti Hai Ki Unke Liye Kuch Karen Yeh Hamare Saath Connect Rahe Jude Rahen Taki Inka Vote Hamko Mile Kya Isme Koi Galat Hi Hai Nahi Mere Hisab Se Koi Galti Nahi Hai Galti Kis Mein Hai Ki Agar Sirf Voting Ke Times Self Pralobhan Dekar Agar Inka Vote Apne Hath Mein Rakhne Aur Phir Power Mein Rehna Hai System Mein Rakhna Hai Wah Galat Hai Rakshi Aap Inka Vote Lijiye Lekin Inke Liye Bhi Aapko Poore Samaaj Ko Poore Desh Ko Poore Rajya Ko Prant Ko Shetra Ko Dekh Kar Chalna Hai Aur Balance Karke Chalaye Wah Sahyog Aur Phir Aap Unke Vote Lijiye Koi Dikkat Nahi Hai
Likes  77  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon
500000+ दिलचस्प सवाल जवाब सुनिये 😊

Similar Questions

More Answers


चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

विकी जो सरकारें हैं वह दलितों का दर्द भी समझती है और कभी-कभी कुछ कुछ पार्टियां होती है वह दलितों को ऐसा वोट बैंक की तरह इस्तेमाल करती है तो हम दो चीज देख रहे हैं दलितों को आज किस तरह किस तरीके से समाज...जवाब पढ़िये
विकी जो सरकारें हैं वह दलितों का दर्द भी समझती है और कभी-कभी कुछ कुछ पार्टियां होती है वह दलितों को ऐसा वोट बैंक की तरह इस्तेमाल करती है तो हम दो चीज देख रहे हैं दलितों को आज किस तरह किस तरीके से समाज में प्रतिष्ठा का दर्जा भी दिया गया है ठीक है एक वह भी हम बिग पार्ट देखते हैं तो कितने लोग उसको वोट बैंक की राजनीति क्लिप इस्तेमाल करते हैं ट्वेंटी-20 कहना गलत ही होगा कि उसे पर दलितों का वोट बैंक के लिए इस्तेमाल किया जाता है अभी खाना भी गलत होगा कि दलितों का दर्द पर सरकार पूरी तरह समझती भी तू कहीं ना कि सब मिली जुली भी बातें हैं कि दर्द भी समझती है और उनका निवारण भी करती है कैसे बनेगा वोटबैंक भी लिया जाता है पार्टी तो पार्टी पर निर्भर करता है उनकी मानसिकता पर निर्भर करता है तो मेरे हिसाब से यही मैं कहना चाहूंगा कि कोई भी पार्टी ऐसी नहीं है जो उसे वोट बैंक की तरफ से माल नहीं करती सब कहीं ना कहीं किसी न किसी तौर पर वोट बैंक की तरह इस्तेमाल करती है दलितों को और कई पार्टियां ऐसी भी है जो इस्तेमाल करती है लेकिन उनका मीन उद्देश्य ही होता है उनका दर्द का निवारण करना तो उसे वोट बैंक की तरह से नहीं बोल सकते हैं बल्कि पॉजिटिव रिएक्शन के दर्द का सलूशन जो ढूंढ रही है कुछ पार्टियांVikee Jo Sarkaren Hain Wah Dalito Ka Dard Bhi Samajhti Hai Aur Kabhi Kabhi Kuch Kuch Partyian Hoti Hai Wah Dalito Ko Aisa Vote Bank Ki Tarah Istemal Karti Hai To Hum Do Cheez Dekh Rahe Hain Dalito Ko Aaj Kis Tarah Kis Tarike Se Samaaj Mein Prathishtha Ka Darja Bhi Diya Gaya Hai Theek Hai Ek Wah Bhi Hum Big Part Dekhte Hain To Kitne Log Usko Vote Bank Ki Rajneeti Clip Istemal Karte Hain Twenty Kehna Galat Hi Hoga Ki Use Par Dalito Ka Vote Bank Ke Liye Istemal Kiya Jata Hai Abhi Khana Bhi Galat Hoga Ki Dalito Ka Dard Par Sarkar Puri Tarah Samajhti Bhi Tu Kahin Na Ki Sab Mili Julee Bhi Batein Hain Ki Dard Bhi Samajhti Hai Aur Unka Nivaran Bhi Karti Hai Kaise Banega Votbaink Bhi Liya Jata Hai Party To Party Par Nirbhar Karta Hai Unki Mansikta Par Nirbhar Karta Hai To Mere Hisab Se Yahi Main Kehna Chahunga Ki Koi Bhi Party Aisi Nahi Hai Jo Use Vote Bank Ki Taraf Se Maal Nahi Karti Sab Kahin Na Kahin Kisi N Kisi Taur Par Vote Bank Ki Tarah Istemal Karti Hai Dalito Ko Aur Kai Partyian Aisi Bhi Hai Jo Istemal Karti Hai Lekin Unka Mean Uddeshya Hi Hota Hai Unka Dard Ka Nivaran Karna To Use Vote Bank Ki Tarah Se Nahi Bol Sakte Hain Balki Positive Reaction Ke Dard Ka Salution Jo Dhundh Rahi Hai Kuch Partyian
Likes  63  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

डीजे सरकारें कुछ हद तक तो दलितों का दर्द समझती हैं और कुछ अन्य को वोट बैंक के लिए दलितों का इस्तेमाल भी करती हैं तो यह कहना कि नहीं वह जो है सारा का सारा काम जो है सपा उनकी दर्द को दूर करने के लिए करत...जवाब पढ़िये
डीजे सरकारें कुछ हद तक तो दलितों का दर्द समझती हैं और कुछ अन्य को वोट बैंक के लिए दलितों का इस्तेमाल भी करती हैं तो यह कहना कि नहीं वह जो है सारा का सारा काम जो है सपा उनकी दर्द को दूर करने के लिए करती है जो भी उचित नहीं है और यह भी कहना कि सब वह सिर्फ वोट बैंक की राजनीति करती है वह भी सही नहीं है यह जो सरकार होती है यह दलितों का बहुत बड़ा एक्साइमेंट है कि जो उन्नति है उसके लिए वह करती है रिजर्वेशन है या बाकी जो मदद होती है और साथ साथ में उनका भला करने से उनको वोट बैंक भी मिलते हैं इस तरीके से राजनीति भी वह करते हैं तो राजनीति और जो जनसेवा है यह दोनों एक दूसरे से अलग नहीं है और इसमें दोनों चीजें जो है दोनों मतलब से धोते हैं सरकार केDJ Sarkaren Kuch Had Tak To Dalito Ka Dard Samajhti Hain Aur Kuch Anya Ko Vote Bank Ke Liye Dalito Ka Istemal Bhi Karti Hain To Yeh Kehna Ki Nahi Wah Jo Hai Saara Ka Saara Kaam Jo Hai Sapa Unki Dard Ko Dur Karne Ke Liye Karti Hai Jo Bhi Uchit Nahi Hai Aur Yeh Bhi Kehna Ki Sab Wah Sirf Vote Bank Ki Rajneeti Karti Hai Wah Bhi Sahi Nahi Hai Yeh Jo Sarkar Hoti Hai Yeh Dalito Ka Bahut Bada Eksaiment Hai Ki Jo Unnati Hai Uske Liye Wah Karti Hai Reservation Hai Ya Baki Jo Madad Hoti Hai Aur Saath Saath Mein Unka Bhala Karne Se Unko Vote Bank Bhi Milte Hain Is Tarike Se Rajneeti Bhi Wah Karte Hain To Rajneeti Aur Jo Jansewa Hai Yeh Dono Ek Dusre Se Alag Nahi Hai Aur Isme Dono Cheezen Jo Hai Dono Matlab Se Dhote Hain Sarkar Ke
Likes  61  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मेरे मुताबिक तो आज कल की जो राजनीति है भारत में वह बस वोट बैंक की राजनीति बनकर रह गई है और इसीलिए सरकार को दलितों की याद बस उसी समय आती है जब चुनाव करीब आ जाते हैं और चुनाव जीतने के बाद कोई भी सरकार द...जवाब पढ़िये
मेरे मुताबिक तो आज कल की जो राजनीति है भारत में वह बस वोट बैंक की राजनीति बनकर रह गई है और इसीलिए सरकार को दलितों की याद बस उसी समय आती है जब चुनाव करीब आ जाते हैं और चुनाव जीतने के बाद कोई भी सरकार दलितों के लिए उचित कदम नहीं उठाती है जो कि उन्हें अवश्य लेना चाहिए और यह सारी चीजें हम इस तरीके से समझ सकते हैं कि कई जगह ऐसी घटनाएं हमें देखने को मिलती है जहां पर दलित लोगों के साथ गलत व्यवहार होता है उनके साथ मारपीट होती है और खास तौर पर दलित महिलाओं के साथ बहुत ज्यादा अत्याचार किया जाता है और कुछ समाचार तो हमारे सामने आ जाता है लेकिन बहुत सारी ऐसी घटनाएं होती हैं जिसे दबा दिया जाता है और दलित लोग जो बहुत ज्यादा गरीब हैं वह डर की वजह से इन सारी घटनाओं को सामने नहीं ला पाते हैं तो मेरे मुताबिक तो सरकार बस वोट बैंक की राजनीति करती है दलित लोगों के बारे में नहीं सोच पाती है लेकिन यह चीज सही नहीं है क्योंकि दलित और लोगों के बारे में अगर सरकार नहीं सोचेगी तो वह हमारी मुख्य जो लोगों की धारा है उसके साथ नहीं जुड़ पाएगी और उनका विकास अच्छी तरीके से नहीं हो पाएगाMere Mutabik To Aaj Kal Ki Jo Rajneeti Hai Bharat Mein Wah Bus Vote Bank Ki Rajneeti Bankar Rah Gayi Hai Aur Isliye Sarkar Ko Dalito Ki Yaad Bus Ussi Samay Aati Hai Jab Chunav Karib Aa Jaate Hain Aur Chunav Jitne Ke Baad Koi Bhi Sarkar Dalito Ke Liye Uchit Kadam Nahi Uthaati Hai Jo Ki Unhen Avashya Lena Chahiye Aur Yeh Saree Cheezen Hum Is Tarike Se Samajh Sakte Hain Ki Kai Jagah Aisi Ghatnaye Hume Dekhne Ko Milti Hai Jahan Par Dalit Logon Ke Saath Galat Vyavhar Hota Hai Unke Saath Marapit Hoti Hai Aur Khas Taur Par Dalit Mahilaon Ke Saath Bahut Jyada Atyachar Kiya Jata Hai Aur Kuch Samachar To Hamare Samane Aa Jata Hai Lekin Bahut Saree Aisi Ghatnaye Hoti Hain Jise Daba Diya Jata Hai Aur Dalit Log Jo Bahut Jyada Garib Hain Wah Dar Ki Wajah Se In Saree Ghatnaon Ko Samane Nahi La Paate Hain To Mere Mutabik To Sarkar Bus Vote Bank Ki Rajneeti Karti Hai Dalit Logon Ke Baare Mein Nahi Soch Pati Hai Lekin Yeh Cheez Sahi Nahi Hai Kyonki Dalit Aur Logon Ke Baare Mein Agar Sarkar Nahi Sochegi To Wah Hamari Mukhya Jo Logon Ki Dhara Hai Uske Saath Nahi Jud Payegi Aur Unka Vikash Acchi Tarike Se Nahi Ho Payega
Likes  16  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सरकारी दलितों का दर्द समझती तो है लेकिन उनका इस्तेमाल सिर्फ राजनीति के लिए करती है जैसे कि अभी राष्ट्रपति पद के लिए देख लीजिए हमारे माननीय राष्ट्रपति पद के लिए विपक्षी पार्टियों ने दोनों पार्टियों ने ...जवाब पढ़िये
सरकारी दलितों का दर्द समझती तो है लेकिन उनका इस्तेमाल सिर्फ राजनीति के लिए करती है जैसे कि अभी राष्ट्रपति पद के लिए देख लीजिए हमारे माननीय राष्ट्रपति पद के लिए विपक्षी पार्टियों ने दोनों पार्टियों ने जो विपक्ष में और पक्ष में दोनों तरफ से एक दलित को खड़ा किया गया यह सब जरुरी नहीं है कि क्या दलित ही एक राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार हो सकता है वह चाहते तो किसी और को भी खड़ा कर सकते थे लेकिन इन को राजनीति करने में ज्यादा मुझे लगता है कि इंटरेस्ट है दलितों के लिए काम करने की बजाय अगर सच में ही दलितों के लिए अगर यह जनता के लिए काम करना चाहते हैं तो उन वर्ग को स्पेशल करके कुछ योजना बनाना जरूरी है सरकार की भी गलती नहीं है गलती हम लोगों की भी थोड़ी सी है कि समाज को भी चीज के लिए आगे आना पड़ेगा दलितों को खुद के लिए खड़ा होना पड़ेगा थोड़ा सा और मुझे लगता है कि उनके लिए जो आरक्षण की पॉलिसी भी बनाई गई है वह भी काफी हद तक लागू होनी चाहिए और BJP की सरकार भी यही कहती है कि जो पॉलिसी है अभी तक आरक्षण की वह एडिटेड रहेगी 2019 के चुनाव तक तोSarkari Dalito Ka Dard Samajhti To Hai Lekin Unka Istemal Sirf Rajneeti Ke Liye Karti Hai Jaise Ki Abhi Rashtrapati Pad Ke Liye Dekh Lijiye Hamare Mananiya Rashtrapati Pad Ke Liye Vipakshi Partiyon Ne Dono Partiyon Ne Jo Vipaksh Mein Aur Paksh Mein Dono Taraf Se Ek Dalit Ko Khada Kiya Gaya Yeh Sab Zaroori Nahi Hai Ki Kya Dalit Hi Ek Rashtrapati Pad Ke Liye Ummidvar Ho Sakta Hai Wah Chahte To Kisi Aur Ko Bhi Khada Kar Sakte The Lekin In Ko Rajneeti Karne Mein Jyada Mujhe Lagta Hai Ki Interest Hai Dalito Ke Liye Kaam Karne Ki Bajay Agar Sach Mein Hi Dalito Ke Liye Agar Yeh Janta Ke Liye Kaam Karna Chahte Hain To Un Varg Ko Special Karke Kuch Yojana Banana Zaroori Hai Sarkar Ki Bhi Galti Nahi Hai Galti Hum Logon Ki Bhi Thodi Si Hai Ki Samaaj Ko Bhi Cheez Ke Liye Aage Aana Padega Dalito Ko Khud Ke Liye Khada Hona Padega Thoda Sa Aur Mujhe Lagta Hai Ki Unke Liye Jo Aarakshan Ki Policy Bhi Banai Gayi Hai Wah Bhi Kafi Had Tak Laagu Honi Chahiye Aur BJP Ki Sarkar Bhi Yahi Kahti Hai Ki Jo Policy Hai Abhi Tak Aarakshan Ki Wah Edited Rahegi 2019 Ke Chunav Tak To
Likes  2  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए आप कोई भी सरकार जितनी भी सरकारें अब तक आई है उसमें अगर हम देखें तो किसी भी सरकार ने वाकई में दलितों का दर्द नहीं समझा है और वह सिर्फ वोट बैंक बढ़ाने के लिए ही राजनीति करते हैं और लोगों को विभाजि...जवाब पढ़िये
देखिए आप कोई भी सरकार जितनी भी सरकारें अब तक आई है उसमें अगर हम देखें तो किसी भी सरकार ने वाकई में दलितों का दर्द नहीं समझा है और वह सिर्फ वोट बैंक बढ़ाने के लिए ही राजनीति करते हैं और लोगों को विभाजित करते हैं ताकि उनके वोट पड़े और उनको कोई भी इंसान से इतना लगाव नहीं है किसी भी कार्य किसी धर्म से कोई ऐसा कैसा लगा आप नहीं है जिसके तहत पोस्टर मियां का शादी के लिए कुछ कर रहे हैं उनका सबसे पहला जो भी इनका मोटर रहता है वह सिर्फ यही रहता है कि उनको अपनी सरकार बनानी है और सरकार बनाने के लिए उनको वोट चाहिए और वोट के लिए वह लोगों को जाति और धर्म के नाम पर / / कर देते हैं इसमें ही दलितों का भी यही हाल है दलितों को भी लोग इस तरह विभाजित करते क्योंकि हम जानते हैं कि हमारे देश में बहुत सारे दलित हैं और उनको आरक्षण भी मिला हुआ है तो लोग उनकी ज्यादा महत्व था सिर्फ वोट बैंक बना बढ़ाने के लिए ही समझते हैं और कोई भी पॉलिटिकल पार्टी है कोई भी पॉलिटिकल लीडर किसी भी दलित से या किसी भी दलित समाजसेवी कुली जुड़ाव महसूस नहीं करता है उनका सिर्फ एक मोटर रहता है कि हम को वोट बनाने हैं हमें अपनी सरकार सत्ता में लानी है तो हमें उनको यूज़ करना है यही एक राजनीतिक पार्टियों का सबसे पहला मोटे होता है और उसके बाद जब उनकी पार्टी बन जाती है तो उनको दलितों का कोई भी ख्याल नहीं आता है हम सभी जानते हैं कि दलितों का हमारे देश में कैसा हाल है तो हमें इन सब से ऊपर उठकर ऐसे लीडर चुन्नी चाहिए जो कि दलितों से और बाकी जातियों से भी जो भी नीचे जाती है उन सब से भावनात्मक जुड़ाव महसूस करें और उनके लिए कुछ करें बाकी में ना कि सिर्फ उनको वोट बैंक समझकर उनका इस्तेमाल करेंDekhie Aap Koi Bhi Sarkar Jitni Bhi Sarkaren Ab Tak Eye Hai Usamen Agar Hum Dekhen To Kisi Bhi Sarkar Ne Vaakai Mein Dalito Ka Dard Nahi Samjha Hai Aur Wah Sirf Vote Bank Badhane Ke Liye Hi Rajneeti Karte Hain Aur Logon Ko Vibhajit Karte Hain Taki Unke Vote Pade Aur Unko Koi Bhi Insaan Se Itna Lagaav Nahi Hai Kisi Bhi Karya Kisi Dharm Se Koi Aisa Kaisa Laga Aap Nahi Hai Jiske Tahat Poster Miyan Ka Shadi Ke Liye Kuch Kar Rahe Hain Unka Sabse Pehla Jo Bhi Inka Motor Rehta Hai Wah Sirf Yahi Rehta Hai Ki Unko Apni Sarkar Banani Hai Aur Sarkar Banane Ke Liye Unko Vote Chahiye Aur Vote Ke Liye Wah Logon Ko Jati Aur Dharm Ke Naam Par / / Kar Dete Hain Isme Hi Dalito Ka Bhi Yahi Haal Hai Dalito Ko Bhi Log Is Tarah Vibhajit Karte Kyonki Hum Jante Hain Ki Hamare Desh Mein Bahut Sare Dalit Hain Aur Unko Aarakshan Bhi Mila Hua Hai To Log Unki Jyada Mahatva Tha Sirf Vote Bank Bana Badhane Ke Liye Hi Samajhte Hain Aur Koi Bhi Political Party Hai Koi Bhi Political Leader Kisi Bhi Dalit Se Ya Kisi Bhi Dalit Samajsevi Kuli Judaav Mahsus Nahi Karta Hai Unka Sirf Ek Motor Rehta Hai Ki Hum Ko Vote Banane Hain Hume Apni Sarkar Satta Mein Laani Hai To Hume Unko Use Karna Hai Yahi Ek Rajnitik Partiyon Ka Sabse Pehla Mote Hota Hai Aur Uske Baad Jab Unki Party Ban Jati Hai To Unko Dalito Ka Koi Bhi Khayal Nahi Aata Hai Hum Sabhi Jante Hain Ki Dalito Ka Hamare Desh Mein Kaisa Haal Hai To Hume In Sab Se Upar Uthakar Aise Leader Chunni Chahiye Jo Ki Dalito Se Aur Baki Jaatiyo Se Bhi Jo Bhi Neeche Jati Hai Un Sab Se Bhavnatmak Judaav Mahsus Karen Aur Unke Liye Kuch Karen Baki Mein Na Ki Sirf Unko Vote Bank Samajhkar Unka Istemal Karen
Likes  3  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए हमारे यहां पर कोई भी पॉलिटिकल पार्टी हो मुझे तो यह लगता है कि वह सत्ता में कैसे बात करती है दर्द है तुम्हारे हम सबको मालूम है क्या हो रहा है और कुछ लोग दर्द कैसे हैं असली दर्द तो सरकारी सब कुछ म...जवाब पढ़िये
देखिए हमारे यहां पर कोई भी पॉलिटिकल पार्टी हो मुझे तो यह लगता है कि वह सत्ता में कैसे बात करती है दर्द है तुम्हारे हम सबको मालूम है क्या हो रहा है और कुछ लोग दर्द कैसे हैं असली दर्द तो सरकारी सब कुछ मतलब पॉलिटिकल पार्टी का फोटो के लिए हर गांव में सब बोलते हैं करते कुछ नहीं हैDekhie Hamare Yahan Par Koi Bhi Political Party Ho Mujhe To Yeh Lagta Hai Ki Wah Satta Mein Kaise Baat Karti Hai Dard Hai Tumhare Hum Sabko Maloom Hai Kya Ho Raha Hai Aur Kuch Log Dard Kaise Hain Asli Dard To Sarkari Sab Kuch Matlab Political Party Ka Photo Ke Liye Har Gav Mein Sab Bolte Hain Karte Kuch Nahi Hai
Likes  1  Dislikes
Share this answer
WhatsApp_icon
share_icon

Vokal is India's Largest Knowledge Sharing Platform. Send Your Questions to Experts.

Related Searches: Kya Sarkaren Vaakai Dalito Ka Dard Samajhti Hai Ya Sirf Vote Bank Ki Rajneeti Ke Liye Istemal, Do The Governments Really Understand The Pain Of The Dalit Or Use It For Vote Bank Politics Only?

vokalandroid