क्या आपको लगता है कि धर्मनिरपेक्ष शब्द को संविधान से हटाया जाना चाहिए,जैसा कि हेगड़े ने कहा है? और क्यों? ...

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यह सब राजनीति है और उन्होंने राजनीति करने के लिए यह चीज़ बोल दी, अब आप देखे क्योंकि उन्होंने की चीज बोल दी आज हेकड़े को देश में समझाने लगे हैं, फ्रंट पेज पर उनकी न्यूज़ छपती है तो जो राजनेता है जो पॉलि...जवाब पढ़िये
यह सब राजनीति है और उन्होंने राजनीति करने के लिए यह चीज़ बोल दी, अब आप देखे क्योंकि उन्होंने की चीज बोल दी आज हेकड़े को देश में समझाने लगे हैं, फ्रंट पेज पर उनकी न्यूज़ छपती है तो जो राजनेता है जो पॉलिटिक्स में है वो लोग यह अच्छे से समझते हैं कि अगर अपना नाम करना है तो ऐसा कुछ कॉन्ट्रोवर्सी उछालो जिससे कि उनका नाम हो, तो राजनीति में यह नाम उछलना बहुत जरुरी चीज हो गई है और आज की राजनीति में गंदी राजनीति में जो सबसे बड़ी पॉलिटिकल पार्टी है बीजेपी वो भी इसमें पीछे नहीं हैl पहले यह काम कुछ छोटी क्षेत्री पार्टियां करा करती थी, जो स्टेट लेवल पे चाहे वो शिवसेना हो या उधर बीएसपी हो या आरजेडी हो तो इस तरह की छोटी पार्टियां ऐसी बहुत सारी बातें करा करती थी, जिससे उन्हें सुर्खियां मिले लेकिन आज दुख की बात यह है कि सबसे बड़ी राष्ट्रीय स्तर की पार्टी भारतीय जनता पार्टी के लोग भी इस तरीके की ओछी राजनीति और ऐसी बातें कर रहे हैं, जिससे उनको न्यूज़ में रहने को मिलता है, टी.र.प मिलते हैं लेकिन अगर वह इस बात का कोई मतलब नहीं है हमारा देश हमेशा से धर्मनिरपेक्ष रहा है और आगे भी रहेगा और इंडिया की सबसे यूनिक बात हुई है यूनिटी इन डाइवर्सिटी, डिफरेंस हर कंट्री, हर कास्ट, रिलीजन, कम्युनिटी सब जगह होते हैं, क्या आपको लगता है कि अगर हम दिल्ली जन की बात हटा दें, हमारे में कास्ट में प्रॉब्लम नहीं है, क्या एक कास्ट के अंदर सेक्स में प्रॉब्लम नहीं है, क्या विदिन मुस्लिम सुन्नी की प्रॉब्लम नहीं है, क्या कृष्ण में कैथोलिक और प्रोटेस्टेंट की प्रॉब्लम नहीं है, तो यह सब सेक्स सब जगह होते हैं और हिंदू धर्म के अंदर तो बहुत ज्यादा है, तो आई थिंग यह केवल पॉलिटिकल मुद्दा है और हम को ऐसे लोगों को इगनोर मारना चाहिएlYeh Sab Rajneeti Hai Aur Unhone Rajneeti Karne Ke Liye Yeh Cheez Bol Di Ab Aap Dekhe Kyonki Unhone Ki Cheez Bol Di Aaj Hekde Ko Desh Mein Samjhaane Lage Hain Frant Page Par Unki News Chapati Hai To Jo Rajneta Hai Jo Politics Mein Hai Vo Log Yeh Acche Se Samajhte Hain Ki Agar Apna Naam Karna Hai To Aisa Kuch Controversy Uchaalo Jisse Ki Unka Naam Ho To Rajneeti Mein Yeh Naam Uchalana Bahut Zaroori Cheez Ho Gayi Hai Aur Aaj Ki Rajneeti Mein Gandi Rajneeti Mein Jo Sabse Badi Political Party Hai Bjp Vo Bhi Isme Piche Nahi Hai Pehle Yeh Kaam Kuch Choti Kshetri Partyian Kra Karti Thi Jo State Level Pe Chahe Vo Shivsena Ho Ya Udhar Bsp Ho Ya Rjd Ho To Is Tarah Ki Choti Partyian Aisi Bahut Saree Batein Kra Karti Thi Jisse Unhen Soorkhiyaan Mile Lekin Aaj Dukh Ki Baat Yeh Hai Ki Sabse Badi Rashtriya Sthar Ki Party Bhartiya Janta Party Ke Log Bhi Is Tarike Ki Ochhi Rajneeti Aur Aisi Batein Kar Rahe Hain Jisse Unko News Mein Rehne Ko Milta Hai T R P Milte Hain Lekin Agar Wah Is Baat Ka Koi Matlab Nahi Hai Hamara Desh Hamesha Se Dharmanirapeksh Raha Hai Aur Aage Bhi Rahega Aur India Ki Sabse Unique Baat Hui Hai Unity In Diversity Difference Har Country Har Caste Rilijan Community Sab Jagah Hote Hain Kya Aapko Lagta Hai Ki Agar Hum Delhi Jan Ki Baat Hata Dein Hamare Mein Caste Mein Problem Nahi Hai Kya Ek Caste Ke Andar Sex Mein Problem Nahi Hai Kya Within Muslim Sunni Ki Problem Nahi Hai Kya Krishan Mein Catholic Aur Protestent Ki Problem Nahi Hai To Yeh Sab Sex Sab Jagah Hote Hain Aur Hindu Dharm Ke Andar To Bahut Jyada Hai To Eye Thing Yeh Kewal Political Mudda Hai Aur Hum Ko Aise Logon Ko Iganor Maarna Chahiye
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विकी केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार हेगड़े ने ऐसा इशारा किया है कि संविधान में मौजूद शब्द धर्मनिरपेक्ष को संशोधित किया जाएगा वह जिले में आयोजित एक सार्वजनिक सभा में बोल रहे थे तो उन्होंने कहा कि धर्मनिरपे...जवाब पढ़िये
विकी केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार हेगड़े ने ऐसा इशारा किया है कि संविधान में मौजूद शब्द धर्मनिरपेक्ष को संशोधित किया जाएगा वह जिले में आयोजित एक सार्वजनिक सभा में बोल रहे थे तो उन्होंने कहा कि धर्मनिरपेक्षता को हटाने के लिए ही वह सत्ता में आए हैं उन्होंने कहा कि हम धर्म धर्म निरपेक्ष है और हम इसे कहेंगे इसे हटाएंगे उन्होंने कहा मैं यह भी जानता हूं कि समय karan सोच संशोधन किया जा सकता चुका है हम भी इसे संशोधित करते रहेंगे इसीलिए हम सत्ता में आए हैं धर्मनिरपेक्ष लोगों ने अपने को अपने खून का पता नहीं होता और जो लोग खुद को धर्मनिरपेक्ष और बुद्धिजीवी मानते हैं उनकी अपनी खुद की कोई पहचान नहीं होती और उनकी लड़ी अनजान होती है जो यह है क्रेजी है यह इन विवादित बयानों को लेकर ही मीडिया में न्यू उसने बने रहते हैं मेरी खुद की पर्सनल रही है कि ऐसे शब्द नहीं हटाना चाहिए क्योंकि इंडिया एक सेकुलर कंट्री है यहां पर हार्दिक धर्म को इतनी इंपॉर्टेंस उतनी ही वाली थी चाटने की दूसरे धर्म को तो इसमें में और कितने साल बाद आज के समय में किस सारी प्रॉब्लम सिर्फ धर्म को लेकर ही हो रही है इस समय में इन्होंने धर्मनिरपेक्ष शब्द हटा दिया संविधान से तो हमारे कंट्री में सिविल वॉर शुरू हो जाएगी आप से लड़ाई हो जाएगी और पानी के कंट्रीज या आईएसआईएस जैसे जो आतंकी संगठन ने बक्श इसका फायदा उठाएंगे और हमारी कंट्री फिर खतरे में होगा और किस जरूरत भी नहीं है हमारा देश एक सेकुलर कंट्री है और हमें गर्व है इस बात पर उसे से अकेला ही रहना चाहिए और ऐसे वोट नहीं हटाने चाहिएVikee Kendriya Mantri Anant Kumar Hegde Ne Aisa Ishaaraa Kiya Hai Ki Samvidhan Mein Maujud Shabdh Dharmanirapeksh Ko Sanshodhit Kiya Jayega Wah Jile Mein Aayojit Ek Sarvajanik Sabha Mein Bol Rahe The To Unhone Kaha Ki Dharmanirapekshata Ko Hatane Ke Liye Hi Wah Satta Mein Aaye Hain Unhone Kaha Ki Hum Dharm Dharm Nirapeksh Hai Aur Hum Ise Kahenge Ise Hataenge Unhone Kaha Main Yeh Bhi Jaanta Hoon Ki Samay Karan Soch Sanshodhan Kiya Ja Sakta Chuka Hai Hum Bhi Ise Sanshodhit Karte Rahenge Isliye Hum Satta Mein Aaye Hain Dharmanirapeksh Logon Ne Apne Ko Apne Khoon Ka Pata Nahi Hota Aur Jo Log Khud Ko Dharmanirapeksh Aur Buddhijivi Manate Hain Unki Apni Khud Ki Koi Pehchaan Nahi Hoti Aur Unki Ladi Anjaan Hoti Hai Jo Yeh Hai Crazy Hai Yeh In Vivaadit Bayanon Ko Lekar Hi Media Mein New Usne Bane Rehte Hain Meri Khud Ki Personal Rahi Hai Ki Aise Shabdh Nahi Hatana Chahiye Kyonki India Ek Secular Country Hai Yahan Par Hardik Dharm Ko Itni Importance Utani Hi Wali Thi Chatne Ki Dusre Dharm Ko To Isme Mein Aur Kitne Saal Baad Aaj Ke Samay Mein Kis Saree Problem Sirf Dharm Ko Lekar Hi Ho Rahi Hai Is Samay Mein Inhone Dharmanirapeksh Shabdh Hata Diya Samvidhan Se To Hamare Country Mein Civil War Shuru Ho Jayegi Aap Se Ladai Ho Jayegi Aur Pani Ke Countries Ya ISIS Jaise Jo Aatanki Sangathan Ne Baksh Iska Fayda Uthayenge Aur Hamari Country Phir Khatre Mein Hoga Aur Kis Zaroorat Bhi Nahi Hai Hamara Desh Ek Secular Country Hai Aur Hume Garv Hai Is Baat Par Use Se Akela Hi Rehna Chahiye Aur Aise Vote Nahi Hatane Chahiye
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देखिए मुझे लगता है जिस तरह से केंद्रीय मंत्री श्री अनंत कुमार जी ने जो बयान दिया था कर्नाटक में सेट करो सब को संविधान से हटाने के लिए मुझे नहीं लगता इस तरह के शब्द को अभी हमारे देश से और हमारे कॉन्स्ट...जवाब पढ़िये
देखिए मुझे लगता है जिस तरह से केंद्रीय मंत्री श्री अनंत कुमार जी ने जो बयान दिया था कर्नाटक में सेट करो सब को संविधान से हटाने के लिए मुझे नहीं लगता इस तरह के शब्द को अभी हमारे देश से और हमारे कॉन्स्टिट्यूशन से हटाने की कोई जरूरत है अगर मैं सारी चीजों का एनालाइज करूं जो कंट्री धर्मनिरपेक्ष नहीं है याद जो कंट्री सेकुलर नहीं है उनकी स्थिति बहुत ज्यादा खराब है वहां किसी एक रिलीजन का हॉट रोमांस है अगर मैं कंट्रीज की बात का तो आप पाकिस्तान की देख लीजिए सीरियल देख लीजिए बहुत सारे ऐसे कंट्री है लेबनान देख लीजिए जो सेट करो नहीं है आज उनकी स्थिति बहुत ज्यादा खराब हो चुकी है लेकिन अगर मैं अपने देश की बात को उनके डेमोक्रेटिक रिपब्लिक सेकुलर कंट्री है तो वहां आप देख सकते हैं किसी भी रिलेशन का ऐसा कोई डोमिनेशन गवर्मेंट पर ना उस क्षेत्र मैंने यहां हमारे देश के अंदर सारे धर्म को समान अधिकार प्राप्त हैं ठीक हैं सारे धर्म के लोग मिल जुल कर रहते तो और सारे धर्मों का विकास गए जली हुई रहा है हमारे देश के अंदर तो मुझे नहीं लगता कि सेकुलर शब्द को हटाना चाहिए क्योंकि अगर सैकड़ों शब्द को हटा देंगे इसका मतलब हो गया कि किसी न किसी एक रैली जिनका डोमिनोस क्षेत्र में है उस देश में हो जाता है अगर किसी एक रैली नेता डोमिनेंट किसी एक देश में हो जाए तो वह देश गुरु नहीं कर पाता हैDekhie Mujhe Lagta Hai Jis Tarah Se Kendriya Mantri Shri Anant Kumar Ji Ne Jo Bayan Diya Tha Karnataka Mein Set Karo Sab Ko Samvidhan Se Hatane Ke Liye Mujhe Nahi Lagta Is Tarah Ke Shabdh Ko Abhi Hamare Desh Se Aur Hamare Constitution Se Hatane Ki Koi Zaroorat Hai Agar Main Saree Chijon Ka Analyse Karun Jo Country Dharmanirapeksh Nahi Hai Yaad Jo Country Secular Nahi Hai Unki Sthiti Bahut Jyada Kharab Hai Wahan Kisi Ek Rilijan Ka Hot Romance Hai Agar Main Countries Ki Baat Ka To Aap Pakistan Ki Dekh Lijiye Serial Dekh Lijiye Bahut Sare Aise Country Hai Lebanon Dekh Lijiye Jo Set Karo Nahi Hai Aaj Unki Sthiti Bahut Jyada Kharab Ho Chuki Hai Lekin Agar Main Apne Desh Ki Baat Ko Unke Democratic Republic Secular Country Hai To Wahan Aap Dekh Sakte Hain Kisi Bhi Relation Ka Aisa Koi Domineshan Goverment Par Na Us Kshetra Maine Yahan Hamare Desh Ke Andar Sare Dharm Ko Saman Adhikaar Prapt Hain Theek Hain Sare Dharm Ke Log Mil Jul Kar Rehte To Aur Sare Dharmon Ka Vikash Gaye Jali Hui Raha Hai Hamare Desh Ke Andar To Mujhe Nahi Lagta Ki Secular Shabdh Ko Hatana Chahiye Kyonki Agar Saikadon Shabdh Ko Hata Denge Iska Matlab Ho Gaya Ki Kisi N Kisi Ek Rally Jinka Dominoes Kshetra Mein Hai Us Desh Mein Ho Jata Hai Agar Kisi Ek Rally Neta Dominent Kisi Ek Desh Mein Ho Jaye To Wah Desh Guru Nahi Kar Pata Hai
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पहली बात तो यह कि यूनियन मिनिस्टर हेगड़े के कमेंट्स सिर्फ एक पब्लिसिटी स्टंट है जनता का टेंशन उन पर लाने के लिए हमारे प्रिय MB में धर्मनिरपेक्ष क्या सेक्युलर लिखा होने का मतलब है कि सरकार किसी भी धर्म...जवाब पढ़िये
पहली बात तो यह कि यूनियन मिनिस्टर हेगड़े के कमेंट्स सिर्फ एक पब्लिसिटी स्टंट है जनता का टेंशन उन पर लाने के लिए हमारे प्रिय MB में धर्मनिरपेक्ष क्या सेक्युलर लिखा होने का मतलब है कि सरकार किसी भी धर्म में दखल नहीं दे सकती है और हर भारतीय नागरिक को अपना धर्म सुनने और प्रैक्टिस करने की आजादी है तो इससे अब दूसरी हटाना तो नहीं चाहिए क्योंकि हम एक बहुत डाइवोर्स कंट्री है जिसके लिए यह भी कहा जाता है कि यह दुनिया का एक ही ऐसा देश है जहां पर हर धर्म के लोग रहते हैं पर अगर हमारे नेता किसी तरह यह सब प्रेम से हटाने में कामयाबी हो जाते हैं तो भी उससे कॉन्स्टिट्यूशन की फंक्शनिंग पर कुछ फर्क नहीं पड़ेगा क्योंकि आर्टिकल 12508 रिलीज फ्रीडम की बात करते हैं जिसमें इन पॉइंट्स के साथ और भी कई पॉइंट शामिल है एक धर्मनिरपेक्ष देश बनाने के लिएPehli Baat To Yeh Ki Union Minister Hegde Ke Comments Sirf Ek Publicity Stunt Hai Janta Ka Tension Un Par Lane Ke Liye Hamare Priya MB Mein Dharmanirapeksh Kya Secular Likha Hone Ka Matlab Hai Ki Sarkar Kisi Bhi Dharm Mein Dakhal Nahi De Sakti Hai Aur Har Bhartiya Nagarik Ko Apna Dharm Sunane Aur Practice Karne Ki Azadi Hai To Isse Ab Dusri Hatana To Nahi Chahiye Kyonki Hum Ek Bahut Divorce Country Hai Jiske Liye Yeh Bhi Kaha Jata Hai Ki Yeh Duniya Ka Ek Hi Aisa Desh Hai Jahan Par Har Dharm Ke Log Rehte Hain Par Agar Hamare Neta Kisi Tarah Yeh Sab Prem Se Hatane Mein Kamyabi Ho Jaate Hain To Bhi Usse Constitution Ki FUNCTIONING Par Kuch Fark Nahi Padega Kyonki Article 12508 Release Freedom Ki Baat Karte Hain Jisme In Points Ke Saath Aur Bhi Kai Point Shamil Hai Ek Dharmanirapeksh Desh Banane Ke Liye
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लेकिन कैसे है हाल ही में अंग्रेजी ने एक स्पीच के दौरान बोला था कि वह जो है धर्मनिरपेक्ष शब्द को संविधान से हटाने के लिए ही आए हैं सरकार मैं तो मैं समझता हूं कि यह बहुत गलत बात है ऐसा मैसेज नहीं पहुंचा...जवाब पढ़िये
लेकिन कैसे है हाल ही में अंग्रेजी ने एक स्पीच के दौरान बोला था कि वह जो है धर्मनिरपेक्ष शब्द को संविधान से हटाने के लिए ही आए हैं सरकार मैं तो मैं समझता हूं कि यह बहुत गलत बात है ऐसा मैसेज नहीं पहुंचाना चाहता उन्होंने यह भी बोला था कि इस बात को लेकर बवाल हो चुका है पर मैं नहीं समझता कि जो धर्मनिरपेक्ष शब्द है उसको संविधान से हटाना चाहिए और महेंद्र जी से बिल्कुल भी सहमत नहींLekin Kaise Hai Haal Hi Mein Angrezi Ne Ek Speech Ke Dauran Bola Tha Ki Wah Jo Hai Dharmanirapeksh Shabdh Ko Samvidhan Se Hatane Ke Liye Hi Aaye Hain Sarkar Main To Main Samajhata Hoon Ki Yeh Bahut Galat Baat Hai Aisa Massage Nahi Pahunchana Chahta Unhone Yeh Bhi Bola Tha Ki Is Baat Ko Lekar Bawaal Ho Chuka Hai Par Main Nahi Samajhata Ki Jo Dharmanirapeksh Shabdh Hai Usko Samvidhan Se Hatana Chahiye Aur Mahendra Ji Se Bilkul Bhi Sahmat Nahi
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मेरे हिसाब से जो हेगड़े जी ने कहा है कि धर्म धर्म निरपेक्ष शब्द को संविधान से हटा देना चाहिए मेरे साथ ऐसा बिल्कुल नहीं करनी चाहिए जो है गणेश जी ने कहा है वह तो बिल्कुल ही नीच है या फिर हम कह सकते हैं ...जवाब पढ़िये
मेरे हिसाब से जो हेगड़े जी ने कहा है कि धर्म धर्म निरपेक्ष शब्द को संविधान से हटा देना चाहिए मेरे साथ ऐसा बिल्कुल नहीं करनी चाहिए जो है गणेश जी ने कहा है वह तो बिल्कुल ही नीच है या फिर हम कह सकते हैं उनका उच्चारण है क्योंकि उन्हें तो बस यही चाहिए था कि मेरे मेरा नाम पेपर में आ जाए हमें दो तीन दिनों में न्यूज़ चैनल में आ जाओ क्योंकि उन्हें बचपन में सुना था कि कि यह बयान बाजी से देख कर तो ऐसा ही लग रहा है कि उन्हें बस फेमस होना था 1 दिन के लिए मेरे साथ ऐसा बिल्कुल नहीं होना चाहिए क्योंकि अगर हम देखें तो भारत एक देश है हम सब भारतीय हे हम सब को धर्म के नहीं हम सबको भारतीय के रुप से जाना चाहिए हम सब का खून एक है हम सब में ऐसा नहीं है कि हिंदू कौन अलग होता है मुसलमान कौन अलग होता है हम सब में इंसानियत से हम सब में एक तेरे को खून बहता है तो मेरे हिसाब से हमें धर्म के आधार पर नहीं जाना चाहिए हमें हमारी इंसानियत और हमारे देश के आधार पर जाना चाहिए और हम सब भारतीय हैंMere Hisab Se Jo Hegde Ji Ne Kaha Hai Ki Dharm Dharm Nirapeksh Shabdh Ko Samvidhan Se Hata Dena Chahiye Mere Saath Aisa Bilkul Nahi Karni Chahiye Jo Hai Ganesh Ji Ne Kaha Hai Wah To Bilkul Hi Neech Hai Ya Phir Hum Keh Sakte Hain Unka Ucharan Hai Kyonki Unhen To Bus Yahi Chahiye Tha Ki Mere Mera Naam Paper Mein Aa Jaye Hume Do Teen Dinon Mein News Channel Mein Aa Jao Kyonki Unhen Bachpan Mein Suna Tha Ki Ki Yeh Bayan Busy Se Dekh Kar To Aisa Hi Lag Raha Hai Ki Unhen Bus Famous Hona Tha 1 Din Ke Liye Mere Saath Aisa Bilkul Nahi Hona Chahiye Kyonki Agar Hum Dekhen To Bharat Ek Desh Hai Hum Sab Bhartiya He Hum Sab Ko Dharm Ke Nahi Hum Sabko Bhartiya Ke Roop Se Jana Chahiye Hum Sab Ka Khoon Ek Hai Hum Sab Mein Aisa Nahi Hai Ki Hindu Kaun Alag Hota Hai Musalman Kaun Alag Hota Hai Hum Sab Mein Insaniyat Se Hum Sab Mein Ek Tere Ko Khoon Bahata Hai To Mere Hisab Se Hume Dharm Ke Aadhar Par Nahi Jana Chahiye Hume Hamari Insaniyat Aur Hamare Desh Ke Aadhar Par Jana Chahiye Aur Hum Sab Bhartiya Hain
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धर्मनिरपेक्ष शब्द संविधान और भारत की आत्मा है इसे कोई कैसे अलग कर सकता है यह सब कहने की बातें हैं दरअसल यह भारतीय राजनीति में नया ट्रेन चल रहा है पिता कुछ भी बयान बाजी कर के लाइव लाइट में आ जाती है वि...जवाब पढ़िये
धर्मनिरपेक्ष शब्द संविधान और भारत की आत्मा है इसे कोई कैसे अलग कर सकता है यह सब कहने की बातें हैं दरअसल यह भारतीय राजनीति में नया ट्रेन चल रहा है पिता कुछ भी बयान बाजी कर के लाइव लाइट में आ जाती है विवादित बयान के सहारे अपनी राजनीति को चमकाने में लगे हुए हैं बहुत सारे नेता यह सोच भी कहीं काम करती होगी कि ऐसा बयान देकर पार्टी के दिग्गजों की नजर पर चढ़ गए तो उनकी नैया पार लग जाएगी वैसे भी कर्नाटक में विधानसभा के चुनाव होने हैं और भाजपा जीत के लिए बड़ी बेचैन है अनंत कुमार के इस बयान से उल्टा ही असर हुआ और पार्टी ने उनके बयान से किनारा कर लिया हैDharmanirapeksh Shabdh Samvidhan Aur Bharat Ki Aatma Hai Ise Koi Kaise Alag Kar Sakta Hai Yeh Sab Kehne Ki Batein Hain Darasal Yeh Bhartiya Rajneeti Mein Naya Train Chal Raha Hai Pita Kuch Bhi Bayan Busy Kar Ke Live Light Mein Aa Jati Hai Vivaadit Bayan Ke Sahare Apni Rajneeti Ko Chamkaane Mein Lage Hue Hain Bahut Sare Neta Yeh Soch Bhi Kahin Kaam Karti Hogi Ki Aisa Bayan Dekar Party Ke Diggajon Ki Nazar Par Chadh Gaye To Unki Naiya Par Lag Jayegi Waise Bhi Karnataka Mein Vidhan Sabha Ke Chunav Hone Hain Aur Bhajpa Jeet Ke Liye Badi Bechain Hai Anant Kumar Ke Is Bayan Se Ulta Hi Asar Hua Aur Party Ne Unke Bayan Se Kinara Kar Liya Hai
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मेरे हिसाब से इधर नहीं रिपेयर शब्द को संविधान सेट नहीं हटना चाहिए क्योंकि के बहुत सारे कारण एक तो हिंदी आप इंडिया में इंडिया में बहुत सारे राज है और बहुत सारे धर्म के फोन में लोग रहते हैं और उनके उनको...जवाब पढ़िये
मेरे हिसाब से इधर नहीं रिपेयर शब्द को संविधान सेट नहीं हटना चाहिए क्योंकि के बहुत सारे कारण एक तो हिंदी आप इंडिया में इंडिया में बहुत सारे राज है और बहुत सारे धर्म के फोन में लोग रहते हैं और उनके उनको घर में बहुत तकलीफ फिर आता है मतलब की आस्था रखते हैं और उन को एक सूत्र में पिरोने और धर्मनिरपेक्ष के थ्रू इंपॉसिबल हम देखते हैं पाकिस्तान पाकिस्तान ने अपना इस्लामिक इस्लामिक धर्म को माना उसका नतीजा क्या हुआ बांग्लादेश उससे अलग हुआ तो हम को से सीख लेना चाहिए और एक धर्मनिरपेक्ष ही एक ऐसा चीज है जो हमारे को इतनी बड़ी इंडिया को पॉइंट करता है मतलब की Unite करता है इधर मुझे पिक्चर के थ्रू ही पॉसिबल है और जो कि अगर धर्मनिरपेक्ष से अगर हम लोग हटते हैं तो कमल फाइनेंस पहले ही आकर करेगा वह धीरे-धीरे मतलब किए इंडिया की डाइवर्सिटी के लिए खतरा उत्पन्न हो सकता है क्योंकि हम इस कंट्री भी नहीं हो सकते क्योंकि यहां पर आस्था रिलीजिंग आस्था रखने वाली चाहे कोई भी हो बहुत मतलब दिल से आस्था रखने वाले लोग रहते हैं और बहुत सारे कष्ट गीत मतलब उनके अलग-अलग भावनाओं भावनाओं को मानने वाले लोग रहते हैं तो धर्मनिरपेक्ष बहुत जरूरी हैMere Hisab Se Idhar Nahi Repair Shabdh Ko Samvidhan Set Nahi Hatna Chahiye Kyonki Ke Bahut Sare Kaaran Ek To Hindi Aap India Mein India Mein Bahut Sare Raj Hai Aur Bahut Sare Dharm Ke Phone Mein Log Rehte Hain Aur Unke Unko Ghar Mein Bahut Takleef Phir Aata Hai Matlab Ki Aastha Rakhate Hain Aur Un Ko Ek Sutra Mein Pirone Aur Dharmanirapeksh Ke Through Impossible Hum Dekhte Hain Pakistan Pakistan Ne Apna Islamic Islamic Dharm Ko Mana Uska Natija Kya Hua Bangladesh Usse Alag Hua To Hum Ko Se Seekh Lena Chahiye Aur Ek Dharmanirapeksh Hi Ek Aisa Cheez Hai Jo Hamare Ko Itni Badi India Ko Point Karta Hai Matlab Ki Unite Karta Hai Idhar Mujhe Picture Ke Through Hi Possible Hai Aur Jo Ki Agar Dharmanirapeksh Se Agar Hum Log Hatate Hain To Kamal Finance Pehle Hi Aakar Karega Wah Dhire Dhire Matlab Kiye India Ki Diversity Ke Liye Khatra Utpann Ho Sakta Hai Kyonki Hum Is Country Bhi Nahi Ho Sakte Kyonki Yahan Par Aastha Releasing Aastha Rakhne Wali Chahe Koi Bhi Ho Bahut Matlab Dil Se Aastha Rakhne Wale Log Rehte Hain Aur Bahut Sare Kasht Geet Matlab Unke Alag Alag Bhavnao Bhavnao Ko Manane Wale Log Rehte Hain To Dharmanirapeksh Bahut Zaroori Hai
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