क्या आरक्षण पब्लिक को जैसी दी जा रही है वैसे ही देनी चाहिए? ...

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देखिए आरक्षण के पीछे की संकल्पना बहुत ही साफ है आजादी से पूर्व भी पिछले कई सालों से यह देखा जाता था कि नीचे की जाति के बच्चों को आगे बढ़ने आगे पढ़ाई करने आगे अच्छी नौकरी पाने के लिए हतोत्साहित किया जा...
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देखिए आरक्षण के पीछे की संकल्पना बहुत ही साफ है आजादी से पूर्व भी पिछले कई सालों से यह देखा जाता था कि नीचे की जाति के बच्चों को आगे बढ़ने आगे पढ़ाई करने आगे अच्छी नौकरी पाने के लिए हतोत्साहित किया जाता था और उन उन उन अच्छी नौकरी अच्छी शिक्षा पर केवल उच्च कुल के बच्चों का अधिकार समझा जाता था आज आजादी के आंदोलन के दौरान अंबेडकर जैसे कई नेताओं ने इस बात पर अपनी आवाज उठाई और उनकी बात कहा कि आजाद भारत में सबको बराबरी का अधिकार होगा और सबको एक जैसे अवसर मिलने चाहिए इसीलिए हमने अपने संविधान में भी लिखा की शिक्षा और नौकरियों में किसी प्रकार का भेदभाव नहीं होगा मंडल कमीशन जोबना उसने भी इस बात पर गौर किया कि हमारे देश में केवल सबको समान अवसर देने से सब कुछ सही नहीं हो जाएगा जो हमने पिछले कई सदियों से निचले तबके को दबा कर रखा है हमें उसे थोड़ा आगे से अब से ज्यादा देने होंगे ताकि वह आगे खुलकर अपने टैलेंट को दिखा करके अब दिक्कत यह है इसमें कि पिछले 340 सालों से मंडल कमीशन की चीजें चल रही है और एक या दो जनरेशन उसमें आगे बढ़ चुका है आज के जमाने से अगर कहा जाए तो केवल जाति आधारित आरक्षण सही नहीं है क्योंकि बात यह बिल्कुल जायज है किस जाति की नीचे की जाति के लोगों को हमेशा से कम अवसर मिले थे मगर उससे ज्यादा जो अमीर गरीब का भेद है उसमें कोई उठ जाती कभी गरीब हो सकता है और निम्न जाति कभी आज के जमाने में अमीर हो सकता है तो आरक्षण ऐसा होना चाहिए जो गरीब को फायदा दें और उस आमिर के समकक्ष चलाएंDekhie Aarakshan Ke Piche Ki Sankalpana Bahut Hi Saaf Hai Azadi Se Purv Bhi Pichle Kai Salon Se Yeh Dekha Jata Tha Ki Neeche Ki Jati Ke Bacchon Ko Aage Badhne Aage Padhai Karne Aage Acchi Naukri Pane Ke Liye Hatotsahit Kiya Jata Tha Aur Un Un Un Acchi Naukri Acchi Shiksha Par Kewal Uccha Kul Ke Bacchon Ka Adhikaar Samjha Jata Tha Aaj Azadi Ke Aandolan Ke Dauran Ambedkar Jaise Kai Netaon Ne Is Baat Par Apni Aawaj Uthai Aur Unki Baat Kaha Ki Azad Bharat Mein Sabko Barabari Ka Adhikaar Hoga Aur Sabko Ek Jaise Avsar Milne Chahiye Isliye Humne Apne Samvidhan Mein Bhi Likha Ki Shiksha Aur Naukriyon Mein Kisi Prakar Ka Bhedbhav Nahi Hoga Mandal Commision Jobna Usne Bhi Is Baat Par Gaur Kiya Ki Hamare Desh Mein Kewal Sabko Saman Avsar Dene Se Sab Kuch Sahi Nahi Ho Jayega Jo Humne Pichle Kai Sadiyon Se Neechle Tabake Ko Daba Kar Rakha Hai Hume Use Thoda Aage Se Ab Se Jyada Dene Honge Taki Wah Aage Khulkar Apne Talent Ko Dikha Karke Ab Dikkat Yeh Hai Isme Ki Pichle 340 Salon Se Mandal Commision Ki Cheezen Chal Rahi Hai Aur Ek Ya Do Generation Usamen Aage Badh Chuka Hai Aaj Ke Jamaane Se Agar Kaha Jaye To Kewal Jati Aadharit Aarakshan Sahi Nahi Hai Kyonki Baat Yeh Bilkul Jayaj Hai Kis Jati Ki Neeche Ki Jati Ke Logon Ko Hamesha Se Kum Avsar Mile The Magar Usse Jyada Jo Amir Garib Ka Bhed Hai Usamen Koi Uth Jati Kabhi Garib Ho Sakta Hai Aur Nimn Jati Kabhi Aaj Ke Jamaane Mein Amir Ho Sakta Hai To Aarakshan Aisa Hona Chahiye Jo Garib Ko Fayda Dein Aur Us Aamir Ke Samkaksh Chalaye
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आरक्षण हमेशा से विवाद का विषय रहा है जहां तक मेरी व्यक्तिगत राय का सवाल है तो मैं आर्थिक आधार पर आरक्षण की धर्म इसलिए कहना चाहूंगी कि काश ऐसा हो पाता आरक्षण आर्थिक आधार पर होता आरक्षण की व्यवस्था पि...
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आरक्षण हमेशा से विवाद का विषय रहा है जहां तक मेरी व्यक्तिगत राय का सवाल है तो मैं आर्थिक आधार पर आरक्षण की धर्म इसलिए कहना चाहूंगी कि काश ऐसा हो पाता आरक्षण आर्थिक आधार पर होता आरक्षण की व्यवस्था पिछड़ों को मुख्यधारा में लाने के लिए शुरू की गई थी लेकिन तब से अब तक स्थिति काफी बदल गई है अब इसमें परिवर्तन होना चाहिए और आर्थिक आधार पर ही आरक्षण मिलनी चाहिए हालांकि नरसिंह राव की सरकार ने 1991 में आर्थिक आधार पर 10% आरक्षण देने का एक नोटिफिकेशन जारी किया था लेकिन जाति के आधार पर आरक्षण के पक्षधर इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पर चले गए सुप्रीम कोर्ट ने आर्थिक आधार पर आरक्षण को अवैध ठहरा दिया इसके लिए कोटडे सुप्रीम कोर्ट ने यह कहा कि आई और संपत्ति को आरक्षण का आधार कतई नहीं माना जा सकताAarakshan Hamesha Se Vivad Ka Vishay Raha Hai Jahan Tak Meri Vyaktigat Rai Ka Sawal Hai To Main Aarthik Aadhar Par Aarakshan Ki Dharm Isliye Kehna Chahungi Ki Kash Aisa Ho Pata Aarakshan Aarthik Aadhar Par Hota Aarakshan Ki Vyavastha Pichadon Ko Mukhyadhara Mein Lane Ke Liye Shuru Ki Gayi Thi Lekin Tab Se Ab Tak Sthiti Kafi Badal Gayi Hai Ab Isme Pariwartan Hona Chahiye Aur Aarthik Aadhar Par Hi Aarakshan Milani Chahiye Halanki Narsinha Rav Ki Sarkar Ne 1991 Mein Aarthik Aadhar Par 10% Aarakshan Dene Ka Ek Notification Jaari Kiya Tha Lekin Jati Ke Aadhar Par Aarakshan Ke Pakshadhar Iske Khilaf Supreme Court Par Chale Gaye Supreme Court Ne Aarthik Aadhar Par Aarakshan Ko Awaidh Thahara Diya Iske Liye Kotde Supreme Court Ne Yeh Kaha Ki Eye Aur Sampatti Ko Aarakshan Ka Aadhar Qty Nahi Mana Ja Sakta
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मुझे लगता है कि आरक्षण वर्तमान समय में मिलना ही नहीं चाहिए जब आरक्षण लागू किया गया था तब शायद इसकी ज़रूरत रही होगी लेकिन धीरे-धीरे आरक्षण निस्वार्थ पजामा पहन लिया है प्रत्येक जाति को किसी न किसी रूप म...
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मुझे लगता है कि आरक्षण वर्तमान समय में मिलना ही नहीं चाहिए जब आरक्षण लागू किया गया था तब शायद इसकी ज़रूरत रही होगी लेकिन धीरे-धीरे आरक्षण निस्वार्थ पजामा पहन लिया है प्रत्येक जाति को किसी न किसी रूप में आरक्षण की आकांक्षा है जो कि सही नहीं है फिर वह आरक्षण की आड़ में निर्दोष जनता के जीवन को दाव पर लगा देते हैं शुरुआत में जो बात आसान लगती है उसे एक समस्या बनाकर पूरे देश को इस ओर आकर्षित करना ही उनका दिए बन जाता है इसमें देश की तरक्की तो रुकती ही है आम जनता भी हैरान परेशान हो जाती है इसलिए योग्यता के आधार पर ही किसी भी व्यक्ति को नौकरी मिलनी चाहिए आरक्षण के आधार पर नहींMujhe Lagta Hai Ki Aarakshan Vartaman Samay Mein Milna Hi Nahi Chahiye Jab Aarakshan Laagu Kiya Gaya Tha Tab Shayad Iski Zaroorat Rahi Hogi Lekin Dhire Dhire Aarakshan Niswaarth Pajamas Pahan Liya Hai Pratyek Jati Ko Kisi N Kisi Roop Mein Aarakshan Ki Aakansha Hai Jo Ki Sahi Nahi Hai Phir Wah Aarakshan Ki Ad Mein Nirdosh Janta Ke Jeevan Ko Daav Par Laga Dete Hain Shuruvat Mein Jo Baat Aasan Lagti Hai Use Ek Samasya Banakar Poore Desh Ko Is Oar Aakarshit Karna Hi Unka Diye Ban Jata Hai Isme Desh Ki Tarakki To Rukti Hi Hai Aam Janta Bhi Hairan Pareshan Ho Jati Hai Isliye Yogyata Ke Aadhar Par Hi Kisi Bhi Vyakti Ko Naukri Milani Chahiye Aarakshan Ke Aadhar Par Nahi
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आज के समय में तो हम सभी जानते हैं कि आरक्षण जाति के हिसाब से दिया जाता है पर मेरा यह मानना है कि आरक्षण आर्थिक आधार पर या फिर व्यक्ति की बुद्धिमता के आधार पर देना चाहिए जातिवाद के आधार पर दिया गया आरक...
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आज के समय में तो हम सभी जानते हैं कि आरक्षण जाति के हिसाब से दिया जाता है पर मेरा यह मानना है कि आरक्षण आर्थिक आधार पर या फिर व्यक्ति की बुद्धिमता के आधार पर देना चाहिए जातिवाद के आधार पर दिया गया आरक्षण हमारे देश में अच्छे अंक लाने वाले बुद्धिमान लोगों को पीछे छोड़ रहा है और उनकी जगह कम अंक लाने वाले आरक्षित जाति के लोगों को आगे निकल रहा है इसे कहीं ना कहीं हमारे देश का विकास कम हो रहा है और जो लोग हमारे देश को ऊंचाइयों पर ले जा सकते हैं वह लोग कहीं पीछे ही रह जाते हैंAaj Ke Samay Mein To Hum Sabhi Jante Hain Ki Aarakshan Jati Ke Hisab Se Diya Jata Hai Par Mera Yeh Manana Hai Ki Aarakshan Aarthik Aadhar Par Ya Phir Vyakti Ki Buddhimata Ke Aadhar Par Dena Chahiye Jaatiwad Ke Aadhar Par Diya Gaya Aarakshan Hamare Desh Mein Acche Ank Lane Wale Buddhimaan Logon Ko Piche Chod Raha Hai Aur Unki Jagah Kum Ank Lane Wale Arakshit Jati Ke Logon Ko Aage Nikal Raha Hai Ise Kahin Na Kahin Hamare Desh Ka Vikash Kum Ho Raha Hai Aur Jo Log Hamare Desh Ko Unchaiyon Par Le Ja Sakte Hain Wah Log Kahin Piche Hi Rah Jaate Hain
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इजी रिजर्वेशन सिस्टम है हमारे इंडिया इंडिया में हमारे देश में जो कि कई सालों से चलता आ रहा है हमारे कॉन्स्टिट्यूशन में है हमारे गांव में पॉलिसीस में है हमारे एजुकेशन में है हर जगह है लेकिन मुझे ऐसा लग...
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इजी रिजर्वेशन सिस्टम है हमारे इंडिया इंडिया में हमारे देश में जो कि कई सालों से चलता आ रहा है हमारे कॉन्स्टिट्यूशन में है हमारे गांव में पॉलिसीस में है हमारे एजुकेशन में है हर जगह है लेकिन मुझे ऐसा लगता है कि रिजर्वेशन इंक्वारी सिस्टम है वह कास्ट बेस्ट नहीं होना चाहिए और स्टूडेंट मुझे लगता है कि एजुकेशन में रिजर्वेशन नहीं होना चाहिए हर एक को एक वर्ल्ड राइट है हर एक को इक्वल प्लीज़ है खुद को साबित करने के लिए खुद की जगह बंद खाने के लिए और वह हो सकता है तो या तो मेहनत करके हो सकता है मेहनत करके ही हो सकता है और रिजर्वेशन सिस्टम उनके इकॉनॉमी इकॉनॉमी पर रखना चाहिए मतलब क्या सामने वाला कंटेस्टेंट एकदम फाइनेंस लि उतना स्टेबल है कि नहीं उस बेसिस पर रिजर्वेशन सिस्टम होना चाहिएEasy Reservation System Hai Hamare India India Mein Hamare Desh Mein Jo Ki Kai Salon Se Chalta Aa Raha Hai Hamare Constitution Mein Hai Hamare Gav Mein Policies Mein Hai Hamare Education Mein Hai Har Jagah Hai Lekin Mujhe Aisa Lagta Hai Ki Reservation Inkwari System Hai Wah Caste Best Nahi Hona Chahiye Aur Student Mujhe Lagta Hai Ki Education Mein Reservation Nahi Hona Chahiye Har Ek Ko Ek World Right Hai Har Ek Ko Equal Please Hai Khud Ko Saabit Karne Ke Liye Khud Ki Jagah Band Khane Ke Liye Aur Wah Ho Sakta Hai To Ya To Mehnat Karke Ho Sakta Hai Mehnat Karke Hi Ho Sakta Hai Aur Reservation System Unke Ikanami Ikanami Par Rakhna Chahiye Matlab Kya Samane Wala Kantestent Ekdam Finance Li Utana Stable Hai Ki Nahi Us Basis Par Reservation System Hona Chahiye
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आरक्षण जो है वह हमेशा से 1:00 am पॉपुलर और एक विवादित विषय है हमारे देश में जिस में हमेशा कोई न कोई पॉलिटिकल पार्टी जो है वह अपनी रोटी सेकने के लिए तैयार रहना बैठी रहती है तो मैं समझता हूं कि आरक्षण अ...
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आरक्षण जो है वह हमेशा से 1:00 am पॉपुलर और एक विवादित विषय है हमारे देश में जिस में हमेशा कोई न कोई पॉलिटिकल पार्टी जो है वह अपनी रोटी सेकने के लिए तैयार रहना बैठी रहती है तो मैं समझता हूं कि आरक्षण अभी जिस सिटी में दिया जा रहा है मैं नहीं समझता कि वह सही आरक्षण जो है वह एक फैमिली इनकम पर भेजो नहीं चाहिए अगर जैसे कोई मेरे फैमिली हैं जो बहुत अच्छा काम आती है और सब कुछ नहीं बात करनी तो एक बार फोन कर सकती है चाहे वह किसी भी काट के चावल कैसे हो तो फिर मैं नहीं समझ पा Action की जरूरत है क्योंकि वह जितनी भी चीजें हैं उसका एयरपोर्ट कैसा है उसको खरीद सकती है लेकिन जो लोग इनकम वाली फैमिली है जो जो मार्केट में मिल रहा है उनका फोन नहीं कर सकती जो स्कूल को एक्सेप्ट नहीं कर सकती मैं समाचार रिजर्वेशन को मिलना चाहिए चाहे वह कर जनरल कास्ट आदमी हो ऐसी HD हो या कोई भी जाति का हो तो मैं नहीं समझता कि काश भेज दो सिस्टम होना चाहिए जो इनकम बेस्ट होता है उस पर हमको रिजर्वेशन देनी चाहिए हमारे देश मेंAarakshan Jo Hai Wah Hamesha Se 1:00 Am Popular Aur Ek Vivaadit Vishay Hai Hamare Desh Mein Jis Mein Hamesha Koi N Koi Political Party Jo Hai Wah Apni Roti Sekane Ke Liye Taiyaar Rehna Baithi Rehti Hai To Main Samajhata Hoon Ki Aarakshan Abhi Jis City Mein Diya Ja Raha Hai Main Nahi Samajhata Ki Wah Sahi Aarakshan Jo Hai Wah Ek Family Income Par Bhejo Nahi Chahiye Agar Jaise Koi Mere Family Hain Jo Bahut Accha Kaam Aati Hai Aur Sab Kuch Nahi Baat Karni To Ek Baar Phone Kar Sakti Hai Chahe Wah Kisi Bhi Kaat Ke Chawal Kaise Ho To Phir Main Nahi Samajh Pa Action Ki Zaroorat Hai Kyonki Wah Jitni Bhi Cheezen Hain Uska Airport Kaisa Hai Usko Kharid Sakti Hai Lekin Jo Log Income Wali Family Hai Jo Jo Market Mein Mil Raha Hai Unka Phone Nahi Kar Sakti Jo School Ko Except Nahi Kar Sakti Main Samachar Reservation Ko Milna Chahiye Chahe Wah Kar General Caste Aadmi Ho Aisi HD Ho Ya Koi Bhi Jati Ka Ho To Main Nahi Samajhata Ki Kash Bhej Do System Hona Chahiye Jo Income Best Hota Hai Us Par Hamko Reservation Deni Chahiye Hamare Desh Mein
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मुझे लगता है कि भारत में जो है वह आरक्षण रखना ही नहीं चाहिए किसी को मतलब किसी भी व्यक्ति को आरक्षण नहीं रखना चाहिए भले वह किसी भी जाति का हो किसी भी समाज का हो किसी भी धर्म का हो आरक्षण को रखना चाहिए ...
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मुझे लगता है कि भारत में जो है वह आरक्षण रखना ही नहीं चाहिए किसी को मतलब किसी भी व्यक्ति को आरक्षण नहीं रखना चाहिए भले वह किसी भी जाति का हो किसी भी समाज का हो किसी भी धर्म का हो आरक्षण को रखना चाहिए तो सब कुछ सामान रखना चाहिए या फिर रखना ही नहीं चाहिए बिल्कुलMujhe Lagta Hai Ki Bharat Mein Jo Hai Wah Aarakshan Rakhna Hi Nahi Chahiye Kisi Ko Matlab Kisi Bhi Vyakti Ko Aarakshan Nahi Rakhna Chahiye Bhale Wah Kisi Bhi Jati Ka Ho Kisi Bhi Samaaj Ka Ho Kisi Bhi Dharm Ka Ho Aarakshan Ko Rakhna Chahiye To Sab Kuch Saamaan Rakhna Chahiye Ya Phir Rakhna Hi Nahi Chahiye Bilkul
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देखिए आरक्षण हमेशा से चर्चा का विषय रहा है और मैं एक ही मतका हूं कि आरक्षण केवल और केवल आर्थिक व्यवस्था के साथ आर्थिक स्थिति के हिसाब से मिलना चाहिए बजाय कि धर्म जाति के आधार पर या किसी भी तरीके की किसी भी और चीज के साथ नहीं मिलना चाहिए केवल और केवल आर्थिक स्थिति के सबसे क्योंकि आरक्षण आरक्षण मूवी चाहिए किसी को एक्स्ट्रा बेनिफिट्स प्रोवाइड कर रहे हैं और जब कि कोई और आर्थिक स्थिति मजबूत है तो उसको उस एक्स्ट्रा बेनिफिट्स की कोई आवश्यकता नहीं है चाहे फिर वह s c o s t o दलितों या कुछ भीDekhie Aarakshan Hamesha Se Charcha Ka Vishay Raha Hai Aur Main Ek Hi Mataka Hoon Ki Aarakshan Kewal Aur Kewal Aarthik Vyavastha Ke Saath Aarthik Sthiti Ke Hisab Se Milna Chahiye Bajay Ki Dharm Jati Ke Aadhar Par Ya Kisi Bhi Tarike Ki Kisi Bhi Aur Cheez Ke Saath Nahi Milna Chahiye Kewal Aur Kewal Aarthik Sthiti Ke Sabse Kyonki Aarakshan Aarakshan Movie Chahiye Kisi Ko Extra Benefits Provide Kar Rahe Hain Aur Jab Ki Koi Aur Aarthik Sthiti Mazboot Hai To Usko Us Extra Benefits Ki Koi Avashyakta Nahi Hai Chahe Phir Wah S C O S T O Dalito Ya Kuch Bhi
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आदित्य मैं तो आरक्षण के बिल्कुल खिलाफ रिजर्वेशन बिल्कुल नहीं होनी चाहिए खास तौर से जो कॉलेज इसमें और नौकरी में जो रिजर्वेशन का जो कैटेगरी है वह बिल्कुल नहीं होना चाहिए रिजर्वेशन जो फैसला लिया जाता सरक...
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आदित्य मैं तो आरक्षण के बिल्कुल खिलाफ रिजर्वेशन बिल्कुल नहीं होनी चाहिए खास तौर से जो कॉलेज इसमें और नौकरी में जो रिजर्वेशन का जो कैटेगरी है वह बिल्कुल नहीं होना चाहिए रिजर्वेशन जो फैसला लिया जाता सरकार द्वारा वह तुरंत आजादी के बाद दिया गया था जिस समय कुछ समाज के कुछ भाग जैसे कि दलित दलित शरीर का शेड्यूल ट्राइब यह सब पूरे आदिवासी यह सब पूरी तरह से जो है विकसित नहीं हो पाए थे वह दूसरे हैं दूसरे को काटते उनके बराबर तो उनके भलाई के लिए और भारत की पूरी जनता की भलाई के इससे इन सारे लोगों को रिजर्वेशन दिया गया था स्कूल को कॉलेज ईश्वर नौकरियों में था कि यह भी प्राइस के लोगों भी पर अच्छे अच्छे से पढ़ लिखकर कुछ ऐसे अपनी जिंदगी सवार पर पर अब अब अभी के टाइम में अगर देखा जाए तो बहुत से लोग अपने अलग-अलग रिजर्वेशन की मांग कर रहे रिजर्वेशन का मुख्य कारण था संसाधन की कमी होना पर अब जो रिजर्वेशन जो दी जा रही है वह सब धर्मों और स्ट्राइक 11:15 पर दी जा रही है अलग-अलग आकाश को जो बिल्कुल गलत है ऐसा नहीं होना चाहिए खास करके कॉलेज इसमें अजोरिया कॉलेज में नौकरी में जो रिजर्वेशन होनी चाहिए वह सिर्फ और सिर्फ मेरिट पर होनी चाहिए अगर रिजर्वेशन मेरे हिसाब से किसी में रखना हो तो प्राइमरी एजुकेशन पर रखे क्योंकि शायद संसाधन ना होने के कारण बच्चों को जो है वह आज स्कूल नहीं भेजा जाता तो उनके लिए अगर रिजर्वेशन रखा जाए स्कूल में तो बहुत उपयोग कार्य होगाAditya Main To Aarakshan Ke Bilkul Khilaf Reservation Bilkul Nahi Honi Chahiye Khas Taur Se Jo College Isme Aur Naukri Mein Jo Reservation Ka Jo Category Hai Wah Bilkul Nahi Hona Chahiye Reservation Jo Faisla Liya Jata Sarkar Dwara Wah Turant Azadi Ke Baad Diya Gaya Tha Jis Samay Kuch Samaaj Ke Kuch Bhag Jaise Ki Dalit Dalit Sharir Ka Schedule Tribe Yeh Sab Poore Aadiwasi Yeh Sab Puri Tarah Se Jo Hai Viksit Nahi Ho Paye The Wah Dusre Hain Dusre Ko Katatey Unke Barabar To Unke Bhalai Ke Liye Aur Bharat Ki Puri Janta Ki Bhalai Ke Isse In Sare Logon Ko Reservation Diya Gaya Tha School Ko College Ishwar Naukriyon Mein Tha Ki Yeh Bhi Price Ke Logon Bhi Par Acche Acche Se Padh Likhkar Kuch Aise Apni Zindagi Savar Par Par Ab Ab Abhi Ke Time Mein Agar Dekha Jaye To Bahut Se Log Apne Alag Alag Reservation Ki Maang Kar Rahe Reservation Ka Mukhya Kaaran Tha Sansadhan Ki Kami Hona Par Ab Jo Reservation Jo Di Ja Rahi Hai Wah Sab Dharmon Aur Strike 11:15 Par Di Ja Rahi Hai Alag Alag Akash Ko Jo Bilkul Galat Hai Aisa Nahi Hona Chahiye Khas Karke College Isme Ajoriya College Mein Naukri Mein Jo Reservation Honi Chahiye Wah Sirf Aur Sirf Merit Par Honi Chahiye Agar Reservation Mere Hisab Se Kisi Mein Rakhna Ho To Primary Education Par Rakhe Kyonki Shayad Sansadhan Na Hone Ke Kaaran Bacchon Ko Jo Hai Wah Aaj School Nahi Bheja Jata To Unke Liye Agar Reservation Rakha Jaye School Mein To Bahut Upyog Karya Hoga
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